विचार श्रृंखला – 38

अयोध्या विवाद का पटाक्षेप

विचार श्रृंखला – 34 में हमने अयोध्या विवाद के सम्पूर्ण घटनाक्रम का एक विवरण प्रस्तुत किया था और उम्मीद जताई थी कि इस विवाद का निपटारा 17 नवम्बर से पहले हो जाएगा। यह मामला केशवानंद भारती मामले के बाद सबसे ज्यादा सुना जाने वाला मामला भी बन गया है।

आज माननीय उच्चतम न्यायालय ने विभिन्न पक्षों की दलीलों तथा पेश किए गए सबूतों के आधार पर 40 दिनों की लगातार सुनवाई के बाद एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कानूनी पक्ष पर दिए गए इस निर्णय में विवादित जमीन पर शिया पक्ष और निर्मोही अखाड़े द्वारा किए गए दावे को खारिज करते हुए विवादित भूमि को रामलला को दे दिया गया तथा सुन्नी वकफ़ बोर्ड को अयोध्या में मस्जिद बनाने हेतु 5 एकड़ जमीन देने का आदेश दिया गया है। केंद्र सरकार को राम मंदिर निर्माण के लिए एक ट्रस्ट तथा निर्माण की कार्ययोजना प्रस्तुत करने के लिए 3 महीने का समय दिया गया है। 1045 पेज के इस फैसले में बहुत से ऐसे पक्ष हो सकते हैं जिन्हें पढ़ना, समझना और जानना सबके लिए आवश्यक है। उन मुद्दों पर विस्तृत चर्चा फिर कभी।

लीजिए पढ़िए उच्चतम न्यायालय की वेबसाइट पर अपलोड की गई फैसले की पीडीएफ कॉपी

Courtesy for copy of judgement – Website of Hon’ble Supreme Court of India