काव्य श्रृंखला – 15

रोते हो क्या उसने पूछा, रोते हो क्यामैं बोल दिया, हां कभी कभीउसने समझा मैं बुजदिल हूंकायर, डरपोक, नादान सभी क्या समझाऊं, क्या बताऊं उसेक्या समझेगा वो रीत मेरीक्यों रोता…

विचार श्रृंखला – 14

सरकारी संपत्ति – आखिर किसकी ? (भाग – 1) "आज भारत बंद है। सरकार की विभिन्न नीतियों के विरोध में कखग संस्था ⁄ पार्टी द्वारा भारत बंद का आयोजन किया गया। विभिन्न स्थलों…